
रवि रंजन ।
नालंदा: दीपनगर थाना क्षेत्र के देवीसराय में व्यवसायी बालेश्वर प्रसाद के घर हुई करीब 1.12 करोड़ रुपये की डकैती के मामले में पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। एसआईटी ने वारदात में लाइनर की भूमिका निभाने वाले एक आरोपी को नवादा से गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान वारिसलीगंज थाना क्षेत्र के बागी-बडीहा गांव निवासी महेंद्र प्रसाद के पुत्र बबलू प्रसाद के रूप में हुई है।
पूर्व चालक ने बदमाशों तक पहुंचाई घर की पूरी जानकारी
पुलिस जांच में सामने आया है कि बबलू प्रसाद पहले व्यवसायी के पुत्र राजीव रंजन का चालक रह चुका था। आरोप है कि मोटी रकम के लालच में उसने डकैतों को व्यवसायी के घर और वहां मौजूद संपत्ति से जुड़ी अहम जानकारी दी।
पुलिस के अनुसार, बबलू ने बदमाशों को बताया था कि घर में करोड़ों की संपत्ति है और छत की तरफ से घर में प्रवेश करने वाले रास्ते पर दरवाजा नहीं है। इसी जानकारी का फायदा उठाकर बदमाश छत के रास्ते घर में दाखिल हुए और परिवार के सदस्यों को बंधक बनाकर डकैती की वारदात को अंजाम दिया।
जामताड़ा से मास्टरमाइंड समेत चार की गिरफ्तारी
इससे एक दिन पहले एसआईटी ने मामले के कथित मास्टरमाइंड अजीत सिंह समेत चार आरोपितों को झारखंड के जामताड़ा से गिरफ्तार किया था। अब बबलू की गिरफ्तारी के बाद इस मामले में गिरफ्तार आरोपितों की संख्या पांच हो गई है।
जांच के दौरान पुलिस को वारदात में कुल 15 बदमाशों के शामिल होने की जानकारी मिली है। पुलिस अब फरार आरोपितों तक पहुंचने के लिए लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है।
नगर थाना क्षेत्र की डकैती से भी जुड़ा गिरोह
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार गिरोह पर नगर थाना क्षेत्र में भी डकैती की वारदात को अंजाम देने का आरोप है। ऐसे में एसआईटी दोनों घटनाओं के बीच कनेक्शन की भी जांच कर रही है।
दीपनगर थानाध्यक्ष सुमन कुमार ने बताया कि गिरफ्तार किए गए पांचों आरोपितों को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी। पूछताछ में गिरोह के अन्य सदस्यों और पूर्व में की गई वारदातों को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी मिलने की उम्मीद है।
फिलहाल पुलिस की नजर फरार आरोपितों पर है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।



